दीपावली के पावन पर्व पर आमजन को मिलावटमुक्त और शुद्ध मिठाइयां उपलब्ध कराने के लिए खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग पूरी तरह मुस्तैद हो गया है। जिलाधिकारी उमेश प्रताप सिंह के सख्त निर्देशों के बाद विभाग ने जनपदभर में एक विशेष छापामार अभियान चलाया है। इस दौरान विभिन्न प्रतिष्ठानों से मिठाइयों और खाद्य पदार्थों के कुल 13 नमूने (सैंपल) भरकर जांच के लिए प्रयोगशाला भेज दिए गए हैं।
अधिकारियों ने साफ किया है कि जनता के स्वास्थ्य से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ यह अभियान दीपावली तक लगातार जारी रहेगा।
इन प्रमुख क्षेत्रों और दुकानों पर हुई कार्रवाई
विशेष अभियान के तहत खाद्य सुरक्षा अधिकारियों की टीमों ने बिजनौर, नूरपुर, सहसपुर, किरतपुर, चांदपुर, नगीना, धामपुर और नजीबाबाद के कई प्रतिष्ठित मिष्ठान भंडारों पर औचक निरीक्षण किया। इस दौरान छेना रसगुल्ला, काजू बर्फी, बर्फी, बतीसा, खोया, रसमलाई, छेना मिठाई और सोनपापड़ी के नमूने संग्रहित किए गए:
बिजनौर: पेट्रोल पंप के पास स्थित ‘बीकानेर स्वीट्स’ से छेना रसगुल्ला और आरपी इंटर कॉलेज के पास ‘नंदी स्वीट्स’ से काजू बर्फी का सैंपल लिया गया।
नूरपुर व सहसपुर: मुरादाबाद रोड स्थित ‘चंद्रा स्वीट्स’ (नूरपुर) से बर्फी और ‘क्वालिटी स्वीट्स’ (सहसपुर) से बतीसे का नमूना भरा गया।
किरतपुर व चांदपुर: ‘अरोड़ा स्वीट्स’ (किरतपुर) से खोया तथा चांदपुर के मुख्य बाजार स्थित ‘नंदन स्वीट्स’ से काजू बर्फी का सैंपल लिया गया।
नगीना व धामपुर: नगीना रेलवे स्टेशन के पास स्थित ‘तुलाराम स्वीट्स’ व ‘मोहन रसगुल्ले वाला’ से खोया व छेना रसगुल्ला लिया गया। वहीं धामपुर में काशीपुर हाईवे स्थित ग्रैंड रेस्टोरेंट के ‘तुलाराम स्वीट्स’ से रसमलाई का नमूना संग्रहित किया गया।
नजीबाबाद: कोतवाली रोड स्थित ‘चतुर्वेदी स्वीट्स’ से खोया, छेना रसगुल्ला, काजू बर्फी, बतीसा, छेना मिठाई और सोनपापड़ी के विभिन्न सैंपल जांच के लिए भरे गए।
लैब रिपोर्ट के आधार पर होगी सख्त कार्रवाई
खाद्य विभाग के अधिकारियों ने बताया कि सभी 13 नमूनों को सील कर परीक्षण के लिए प्रयोगशाला भेज दिया गया है। रिपोर्ट आने के बाद ही खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता की वास्तविक स्थिति स्पष्ट होगी। यदि जांच में कोई सैंपल मानक के विपरीत या मिलावटी पाया जाता है, तो संबंधित कारोबारियों के खिलाफ नियमानुसार कड़ी विधिक कार्रवाई की जाएगी।
विभाग ने सभी खाद्य कारोबारियों और मिष्ठान विक्रेताओं को चेतावनी दी है कि वे तय मानकों के अनुरूप ही खाद्य पदार्थों का निर्माण करें और स्वच्छता का विशेष ध्यान रखें, ताकि त्योहार पर उपभोक्ताओं की सेहत सुरक्षित रहे।